वह आती थी
वह जाती थी
डॉक्टर साहब आएगे
चैक कर के बताएगे
वह कहती थी
मैं तो अनपढ़ था
मेरी समझ में ही
बात नहीं आती थी
कोई प्यार से
कोई गुसे से बताती थी
रंग - बिरंगी दवाईयां
वह मुझे दे जाती थी
कब कौन सी खिलानी है
वह मुझे बताती थी
मैं उलझ जाता था उनमे
वह आके सुलजाती थी
मेरा बच्चा ठीक है
कह कर, कभी हँसाती थी
कभी इसका ऑपरेशन होगा
क्या तुम्हारे पास पैसे है
कह कर रुलाती थी
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